बदन दर्द के उपाय

बदन दर्द के उपाय: बदन दर्द की समस्या लोगों में आम होती हैं लेकिन लोग इसे आम दर्द समझकर इस पर ध्यान नहीं देते हैं| और इसे नज़र अंदाज़ करते रहते हैं लेकिन ये तो हमें पता ही होता हैं| कि अगर शारीर में कोई भी दर्द या परेशानी हो तो उस पर ध्यान ना देने से वे बहुत बड़ी समस्या बन जाती हैं|

Badan Dard Ke Gharelu Upay In Hindi
बदन दर्द की समस्या

बदन दर्द को हम सामान्य बीमारी समझ लेते हैं लेकिन ये भी सच हैं| कि पुरे बदन में जब दर्द होता हैं तो इसे सहना आसान नहीं होता हैं| सामान्य तौर पर बदन में दर्द कई प्रकार के होते हैं| कही बार तो पुरे बदन में दर्द होता हैं| और कही बार तो बदन के कुछ ही हिस्सों में दर्द होता हैं जैसे सर दर्द, गर्दन, पीठ, मांसपेशियों में दर्द, जोड़ो आदि में दर्द होना| (बदन दर्द के उपाय)

हमारे शारीर में मुख्य भाग तंत्रिका तंत्र होता हैं| लेकिन जब ये ही अपना काम सही से करना बंद कर दें| तब बदन में दर्द होने लगता हैं इसलिए आपको जब भी इस प्रकार का दर्द हो आप तुरंत डॉक्टर से मिले| और अपना इलाज कराये बदन दर्द होता कैसे हैं ये तो सब जानते हैं| लेकिन किसी को भी ये पता नहीं हैं कि बदन दर्द होता क्या हैं?

बदन दर्द होने के कारण

आप ही बताइए जब आपे शारीर में हर वक्त दर्द रहता हो तो क्या आप उस समय इस दर्द पर ध्यान नहीं देंगे क्या? आप बिलकुल इस पर ध्यान देंगे क्योकि दर्द पर ध्यान देना बहुत जरुरी हैं| कभी कभी इस दर्द को नज़र अंदाज करना बहुत ही हानिकारक शाबित हो जाता हैं| कभी कभी बुखार या फ़्लू के कारण जोड़ो और मांसपेशियों में बहुत दर्द होता हैं|

बदन दर्द होने के कारण

  • बुखार या फ़्लू के कारण
  • खून में संचरण का ख़राब होने के कारण
  • लुपस के कारण
  • आर्थराइटिस होने के कारण
  • चकत्ते होने के कारण
  • मांसपेशियों में कमजोरी के कारण
  • अधिक थकान होने के कारण
  • अवसाद के कारण
  • अधिक वज़न का उठाना
  • विटामिन डी की कमी होने के कारण
  • ख़राब मुद्रा
  • कड़ी शारीरिक गतिविधियाँ करना
  • रीढ़ की हड्डी का विघटन जो अक्सर उम्र बढ़ने के साथ होता हैं, पीठ दर्द हो सकती हैं|
  • मांसपेशियों को जल्द जल्द घुमाने के कारण

बदन दर्द के लक्षण

बदन दर्द के लक्षण

  • अचानक शारीर के वज़न का कम हो जाना
  • बदन दर्द और अकडन होना
  • वायरल बुखार होने पर
  • थकान के दौरान
  • चर्म रोग होने पर
  • खांसते समय या फिर पेशाब के दौरान खून आना
  • पेट में जलन व अपच

अब हम आपको उन रोगों के बारे में जानते हैं| जिन रोगों के कारण पुरे शारीर में दर्द होता हैं और हम अस्वस्थ महसूस करते हैं| आइये अब हम इन रोगों के बारे में और इनके लक्षण व उपचारों के बारे में जानते हैं|

फाईब्रोमायोजिया: इस रोग में पुरे शारीर में दर्द होता हैं| और साथ ही साथ थकान और सोने में भी परेशानी होती हैं| जिससे रोगी को हमेशा ऐसा लगता हैं कि वे अस्वस्थ हैं|

लक्षण: शारीर में सूजन का आना
मांसपेशियों में अकडन
अवसाद
तनाव और पेट में गड़बड़ी होती हैं
बार बार सोच मे बदलाब होना
माइग्रेन
जबड़ा या फिर चेहरे के मांसपेशियों में समस्या
मूत्राशय में दर्द होना
प्रोस्टेट ग्रंथि में दर्द

यदि आपको भी इस प्रकार के कोई लक्षण दिखाई दें रहे हैं| तो आप तुरंत डॉक्टर से मिले और डॉक्टर की सलाह से कम करें|

रोग के लिए उपचार: इस रोग के दर्द से आसनी से राहत मिल सकती है| यदि आप चाहे तो व्यायाम, संतुलित आहार, तनाव को कम करने वाले तेलों से मालिश और योगासन आदि को करके आप इस दर्द से जल्द ही राहत पा सकते हैं|

क्रोनिक थकान सिंड्रोम:  इस रोग के लक्षण बिलकुल आम दर्द की तरह होते हैं| जब कोई व्यक्ति जरुरत से ज्यादा काम करता हैं| और आराम नहीं कर पाता तब उसे बहुत ही अधिक थकान हो जाती हैं| जिस कारण से वे इस बीमारी का शिकार हो जाता हैं लेकिन इसमें मुश्किल की बात ये होती हैं|

इस बीमारी के होने के बाद यदि आप भरपूर आराम भी लेते हैं| तो आपको इससे कोई फयदा नहीं होता हैं आपका आराम करना और ना करना एक ही बात हैं| इसके लक्षणों से राहत पाना बहुत ही मुश्किल की बात होती हैं इसलिए इसके लक्षण देखते ही तुरंत डॉक्टर से जाकर मिले और आपके लिए फायदेमंद होंगा|

लाइम बीमारी: ये बीमारी एक जीवाणु के कारण होती हैं जिसका नाम हैं| ब्रोरेलिया बर्गडोरफेरी इसके कटाने से ये रोग होते हैं इसके होने से पहले कुछ लक्षण नज़र आते हैं| जिनसे हम पाता लगा सकते हैं इस बीमारी के होने का|

लक्षण: सर में बहुत दर्द होना
बहुत थकान
मांसपेशी और हड्डी दोनों में प्रचंड दर्द
जोड़ों में दर्द और अकड़न
एकाग्रता में कमी
यादाश्त में कमी
अच्छी तरह से नींद न आना आदि

उपचार: एंटीबायोटिक दवा को लेकर इससे आप राहत पा सकते हैं| लें स्थिति बहुत ख़राब हो जाने से हृदय की धड़कने अनियमित रूप से चलती हैं| इसलिए इसके लक्षण दिखते ही आप तुरंत डॉक्टर से मिले और इलाज कराये|

तनाव होना: तनाव दीमाग में आता हैं जब तनाव होता हैं तो दीमाग किसी भी काम को करने के लिए तैयार नहीं होता हैं| और तनाव के कारण शारीर में लगातार दर्द भी होता हैं इसके लक्षण कुछ ऐसे होते हैं|

लक्षण: मांसपेशियों में दर्द
थकान
नींद ना आना
पेट में गड़बड़ी
सर दर्द होना
सीने में दर्द होना

बदन दर्द के उपाय

एप्पल साइडर सिरका का उपयोग: यदि आप भी शारीर के दर्द से परेशान हैं तो इससे राहत पाने के लिए आप एप्पल साइडर सिरके का इस्तेमाल करें| यह आपके शारीर में सूदिंग प्रभाव देने के लिए बहुत जाना जाता हैं| जब दर्द हो तब आप गुनगुने पानी  के टब में दो कप सेब साइडर सिरका मिला लें|

लाइम बीमारी
बदन दर्द के उपाय

फिर दर्द वाले हिस्से पर इस मिश्रण को थोड़ी देर के लिए रखें और थोड़ी देर तक रखा रहने दें| जब आपको ऐसा महसूस होने लगे की अब दर्द कम हो गया हैं और आप इसका इस्तेमाल ऐसे ही करते रहें|

अदरक का उपयोग: अदरक को दर्द निवारक कहा जाता हैं| अदरक को दर्द के लिए कुदरती दवा माना जाता हैं अदरक में एंटी-इफ्लेमेंटरी गुणों के कारण ये शारीर से दर्द को दूर कर देता हैं| आप चाहे तो अदरक की चाय बना लें और इस चाय का सेवन करें इससे आपकी मांसपेशियों को दर्द से राहत मिलेंगी|

यदि आप चाहे तो अदरक को घिसकर उसे हल्का गर्म करके किसी सूती कपडे में लेकर दर्द वाले हिस्से पर रखें और इसे आप 15 मिनट तक रखें| ऐसा आप नियमित रूप से 2 से 3 बार दिन में जरुर करें|

हल्दी का उपयोग: हल्दी में अनेक औषधीय गुण पाए जाते हैं| इसलिए हल्दी को स्वास्थ्य के लिए काफी हद तक लाभकारी माना जाता हैं| यदि आपको बदन दर्द हैं तो आप इससे परेशान हो गए हैं| तो आप हल्दी को दूध में डाल कर लें इससे राहत मिलती हैं| यदि शारीर में किसी भी जगह पर सूजन, दर्द, और जलन हैं|

तो आप हल्दी का पेस्ट तैयार करके इसे लगाने से आपको आराम मिलेगा| और ज्यादा कोई तकलीफ भी नहीं होगी|

दालचीनी का उपयोग: आप यदि जोड़ो के दर्द से परेशान हैं| तो आपको इससे राहत पाने के लिए दालचीनी का उपयोग करना चाहिए| हल्के गर्म पानी में दालचीनी पाउडर और थोड़े से शहद को मिलाकर एक पेस्ट बना लें| और इस पेस्ट को दर्द वाले अंग पर लगाकर हल्के हाथों से मालिश करें इससे आपको फायदा होगा|

लाल मिर्च का उपयोग: आप सोच रहे होंगे की लाल मिर्च दर्द का इलाज कैसे हो सकती हैं| पर हम आपको बता दें लाल मिर्च में एंटी-इन्फ्लेमेटरी और ऐनाल्जेसिक गुण पाए जाते हैं| मिर्च के यही गुण मांसपेशियों के दर्द को दूर करने में शानदार उपाय हैं| और तो और ये मिर्च सूजन और कठोरता को भी कम करने में मदद करती हैं|

आप डेढ़ कप नारियल का तेल लें और इसे हल्का गर्म कर लें| और इसमें 2 चम्मच लाल मिर्च पाउडर मिला लें और एक पेस्ट तैयार कर लें| इसी मिश्रण को दर्द के स्थान पर लगाये और इसे 20 मिनट तक लगाकर रखें और फिर धो लें| इसे आप दिन में 2 बार करें|

चेरी का उपयोग: चेरी पोटेशियम और मैग्नीशियम से भरपूर होती हैं| इसलिए ये जोड़ो के दर्द में राहत देती हैं| पोटेशियम सूजन को कम करने में लाभदायक होता हैं| चेरी का उपयोग करने से आपको दर्द सूजन जलन से राहत पाने में आपके लिए लाभकारी होगा| आप चाहे तो चेरी का जूस पी सकते हैं|

या फिर यदि आपको बदन दर्द हैं तो आप नियमित रूप से 8 से 10 चेरी ही खाए| इससे पैरों और हाथ की मांसपेशियों में होने वाले दर्द से आपको आराम मिलेगा|

सरसों के तेल का उपयोग: यदि आपको पुरे शारीर में दर्द होता हैं| तो आप सरसों के तेल का उपयोग करें| आप सरसों के तेल में कपूर को मिलकर इसे हल्का गर्म करके मालिश करे इससे आपको दर्द में राहत मिलेगी| या आप चाहे तो तेल में थोड़ी हिंग, अजवाइन और लहसुन को मिलाकर गम्र करके मालिश करें|

मेहँदी के पत्ते का उपयोग: मेहँदी के सूखे हों या ताजा, दोनों ही प्रकार के पत्तों में एंटी-इन्फ्लामेट्री प्रॉपर्टीज होती हैं| जो मांसपेशियों को आराम प्रदान करती हैं और बदन दर्द को कम करने में मदद करती हैं| 100 gm सूखे मेहंदी के पत्तों को आठ कप पानी में मिलाकर उबालें|

फिर इसे 20 मिनट के लिए ठंडा होने के लिए रख दें| और ठंडा होने के बाद, दर्द वाले अंग को इस मिश्रण में 15 मिनट के लिए डुबोकर रखें| इस उपचार को दो-तीन दिन के लिए रोज दो-तीन बार करें|

केले का उपयोग: ऐंठन के कारण हुए मांसपेशियों और बदन दर्द को ठीक करने में केला को काफी फायदेमंद माना जाता हैं| केले में भरपूर मात्रा में पोटेशियम पाया जाता हैं| पोटेशियम की कमी के कारण मांसपेशियों में कमजोरी आ सकती हैं| ऐंठन होने लगती है और थकान महसूस होने लगती हैं|

बदन और मांसपेशियों का दर्द ठीक करने के लिए रोज पके हुए केलों का सेवन करें| आप केला के मिल्कशेक बनाकर भी सेवन कर सकते हैं| यह आपके शरीर को पोटेशियम के साथ-साथ कैल्शियम भी प्रदान करेगा, जो स्वस्थ मांसपेशियों के लिए जरूरी होता है|

जब भी आपको बॉडी और मांसपेशियों में दर्द हो तो आप दर्दनिवारक गोलियां लेने कि जगह इन प्राकृतिक उपचारों को अपनाएं| यदि फिर भी दर्द ठीक नहीं हो रहा हो तो फिर आप डॉक्टर से जाँच कराएँ|

बदन दर्द से बचाव के उपाय

यदि आप बहुत अधिक समय तक कम्प्यूटर पर काम करते हैं| तो उसकी स्क्रीन आंखों की सीध में, कमर सीधी, कोहनियां 90 डिग्री के एंगल पर मुड़ी हुई होना चाहिए| और पैर फ़र्श पर सही तरीक़े से रखने चाहिए|

डाइट में हरी सब्ज़ियों, फलों, ड्रायफ्रूट्स और दालचीनी की मात्रा बढ़ाकर आप अपने शरीर को दर्द से लड़ने के लिए मज़बूत बना सकते हैं|

थकान के कारण पैरों में दर्द होता हैं तो गर्म पानी में थोड़ा सा काला नकम और खाने का सोडा घोल लें| इसमें कुछ देर पैर डालकर बैठें इससे राहत मिलेगी|

शारीर में पानी की कमी होने से भी बदन में दर्द होने लगता हैं| इसीलिए समय समय पर भरपूर मात्रा में पानी पीना चाहिए|

घुटनों में दर्द और सूजन हैं| तो एक कॉटन कपड़े में बर्फ़ के टुकड़े लपेटकर दर्द वाली जगह पर 10-20 मिनट तक मसाज करें| इससे ब्लड सर्कुलेशन सही होगा और आपको तुरंत राहत मिलेगी|

स्टडी की मानें तो पूरी नींद न लेने वालों की बॉडी में C-रिएक्टिव प्रोटीन बढ़ जाता हैं| जिससे शरीर में सूजन और दर्द हो सकता हैं| इससे बचने के लिए रोज़ 7-8 घंटे की नींद ज़रूरी हैं|

सरसों का तेल और ऐपल का विनेगर बराबर मात्रा में मिलाएं| इससे दर्द वाली जगह पर थोड़ी देर मसाज करें इससे आपको आराम मिलेगा|

आज हमारे द्वारा आपके लिए लाई गई ये पोस्ट बदन दर्द के उपाय आपको कैसी लगी यदि पसंद आई हैं| तो आप सभी आपने सभी दोस्तों को ये पोस्ट शायर करें और उन्हें भी बताये| ये उपचार ताकि उन्हें या उनके परिवार में किसी को भी Full Body Pain का सामना ना करना पड़ें|